मोदी से कोई बात कहना, भैंस के आगे बीन बजाना: कुरैशी

aziz-qureshiलखनऊ। गौतमबुद्धनगर के दादरी में अखलाक की भीड़ के द्वारा की गई हत्या में बयानबाजी थमने का नाम नहीं ले रही है। पूर्व राज्यपाल अजीज कुरैशी ने इस मामले को बेहद अफसोसजनक बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस बारे में कुछ भी कहना, भैंस के आगे बीन बजाने जैसा है। उन्होंने कहा कि फिरकापरस्त ताकतें इस देश में अपनी आखिरी लड़ाई लड़ रही हैं। वे जानते हैं कि अगर इस बार हार गये तो उनके हाथ से सब कुछ निकल जाएगा।
मुजफ्फरनगर में हुए दंगे भी फिरकापरस्त ताकतों की देन थी। चौधरी चरण सिंह की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा कि इतिहास में कभी भी पश्चिमी उत्तर प्रदेश में इस तरह का कोई फसाद नहीं हुआ था। हिंदू-मुस्लिम एकता के नाम से जाना जाने वाला इलाका आज नफरत की आग में झुलस रहा है। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा कि ऐसी ताकतों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई किया जाना इस बात की दलील है कि मुख्यमंत्री कानून-व्यवस्था को लेकर सक्रिय हैं। लेकिन जिला स्तर पर भी उन्हें छोटी-छोटी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कठोर कदम उठाने चाहिए। नेताओं की अनर्गल बयानबाजी को उन्होंने निंदनीय बताते हुए कह कि संवेदनशील मामलों में इस तरह की बयानबाजी होना उचित नहीं है। पूर्व राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नूराकुश्ती में माहिर हैं। उनकी पार्टी के नेता और कैबिनेट मंत्री साम्प्रदायिकता भड़काने वाले बयान लगातार दे रहे हैं, लेकिन प्रधानमंत्री इस मामले में चुप्पी साधे हैं। उन्हें चाहिए कि देश की शांति-व्यवस्था बरकरार रखने के लिए ऐसे नेताओं पर कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि मैं व्यक्तिगत रूप से आजम खां की भावनाओं की कद्र करता हूं। संयुक्त राष्ट्र को आजम खां के पत्र पर उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र में मानवाधिकार विभाग है, जहां किसी भी वर्ग के खिलाफ नाइंसाफी होने पर संज्ञान लिया जाता है। उन्होंने कहा कि मुसलमान आखिरी दम तक पूरे सम्मान और आजादी के साथ जिंदा रहेंगे और अपने खून के एक-एक कतरे से देश की आजादी को सुरक्षित रखेंगे। मुल्क पर किसी भी तरह की आंच नहीं आने दी जाएगी।